बच्चों में मोटापा कैसे रोकें:रोजाना 60 मिनट खेलकूद और 9 घंटे की नींद जरूरी, खाते वक्त टीवी देखने से रोकें; ये 4 बातें बच्चों में मोटापा घटाएंगी



बच्चों में मोटापा कैसे रोकें:रोजाना 60 मिनट खेलकूद और 9 घंटे की नींद जरूरी, खाते वक्त टीवी देखने से रोकें; ये 4 बातें बच्चों में मोटापा घटाएंगी

कोरोना महामारी में लगाई गई कई पाबंदियों के कारण कई परिवार बच्चों के बढ़ते वजन को लेकर परेशान हैं, लेकिन इसका मतलब यह नहीं कि बच्चों से डाइटिंग कराई जाए। ऐसा करने से बड़े होने पर उनमें ईटिंग डिसऑर्डर का खतरा बढ़ता है। बच्चों में वजन बढ़ने पर पेरेंट्स को कुछ बातों का ध्यान रखने की जरूरत है। ऐसा पाया गया है कि जब हम बच्चे को किसी चीज को खाने से रोकते हैं तो वह उसे और अधिक खाने लगता है। बच्चों को ज्यादा टोकने की बजाय उनकी आदतों का एक समय तय किया जाए। अहमदाबाद के बीजे मेडिकल कॉलेज की बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. गार्गी पटेल से जानिए बच्चों के बढ़ते वजन को कैसे कंट्रोल करें…

इन 4 आदतों से कंट्रोल करें बच्चों का वजन
1. 3 से 5 साल के बच्चों को दिनभर एक्टिव रखें

सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल एंड प्रिवेंसन (सीडीसी) के अनुसार, 3 से 5 साल तक के बच्चों को दिन भर एक्टिव रहना चाहिए, जबकि 6 से 17 वर्ष तक के बच्चों को हर दिन 60 मिनट फिजिकल एक्टिविटी करनी चाहिए। एरोबिक एक्टिविटी के अलावा हडि्डयों को मजबूत करने के लिए दौड़, कूद और मांसपेशियों को मजबूत करने वाली गतिविधियां इनके रूटीन में शामिल करना चाहिए।

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2. 100 कैलोरी से कम वाले ये विकल्प वजन घटाने में सहायक
6 से 12 साल के बच्चों को रोज 1600 से 2200 कैलोरी की जरूरत होती है। कोरोना महामारी के दौर में घर में रहकर बार-बार खाने से बच्चों का कैलोरी इंटेक बढ़ गया है। ऐसे में जब वे कुछ खाने के लिए मांगें तो उन्हें एक गाजर, सेब, केला या थोड़े अंगूर दे सकते हैं। इनमें 100 से भी कम कैलोरी होती है।

3. टीवी देखते समय बच्चे जरूरत से अधिक खाते हैं, यह आदत बदलें
हार्वर्ड रिसर्च के अनुसार दो घंटे से अधिक स्क्रीन के सामने बिताना नुकसानदायक है, लेकिन कोरोना के दौरान बच्चों का स्क्रीन टाइम ऑनलाइन क्लासेज की वजह से बढ़ गया है। एक रिसर्च के मुताबिक, टीवी देखते समय बच्चे जरूरत से अधिक खाते हैं। इससे मोटापा बढ़ता है। इस खतरे से बचने के दो उपाय हैं। भोजन के समय बच्चों को टीवी न देखने दें और सोने के दो घंटे पहले उसे गैजेट से दूर ही रहने दें।

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4. 6 से 12 साल के बच्चों को 9 से 12 घंटे तक सोना जरूरी
सीडीसी के मुताबिक, 3 से 5 साल के बच्चों को 10-13 घंटे (झपकी भी शामिल है), 6-12 साल, 9-12 घंटे और 13-18 वर्ष के किशोरों को 24 घंटे में 8-10 घंटे की नींद जरूरी है। दरअसल, अधूरी नींद अधिक खाने और फिजिकल एक्टिव न रहने के लिए दबाव बढ़ाती है।

BMI से चेक करें, बच्चा कितना हेल्दी
बच्चा कितना हेल्दी है, इसकी परिभाषा पेरेंट्स और एक्सपर्ट दोनों के लिए अलग-अलग है। पेरेंट्स सिर्फ फिजिकली बच्चे को देखकर इसे समझ लेते हैं। लेकिन सबसे जरूरी बात है कि वह अपनी हाइट और वजन के अनुसार कितना फिट है। यह जानना जरूरी है। इसके लिए बॉडी मास इंडेक्स (बीएमआई) चेक करें। इससे पता चलता है कि बच्चा कितना फिट है।

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बीएमआई निकालने के लिए वजन और ऊंचाई की सही जानकारी होना जरूरी है।

ऐसे निकालें: उदाहरण: वजन- 60 किलो, हाइट- 166 सेमी (1.66 मीटर) कैल्कुलेशन- 60 ÷ (1.66)2 = 21.77

सेहत का गणित : ऐसे समझें

  • 18.5 से कम बीएमआई यानि अंडरवेट
  • 18.5-25 के बीच बीएमआई यानि हेल्‍दी वेट
  • 25-30 से बीच बीएमआई यानि ओवरवेट
  • 30-40 के बीच बीएमआई यानि मोटापे से ग्रस्‍त
  • 40 से ज्‍यादा बीएमआई यानि ज्‍यादा मोटापा

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