




बिलासपुर. मटियारी धाम मंगला, विकासखंड बिल्हा में माता चंडी दाई के परिसर में आयोजित श्रीराम कथा श्रवण करने के लिए महामंडलेश्वर राजेश्री महन्त रामसुन्दर दास महाराज अपने सहयोगियों के साथ उपस्थित हुए। आयोजन समिति की ओर से उनका आत्मीयता पूर्वक स्वागत किया गया। उन्होंने व्यास पीठ पर विभाजित आचार्य अयोध्या धाम निवासी अनंत श्री विभूषित स्वामी सियारामशरण महाराज का पुष्पमाला एवं शाल, श्रीफल भेंट करके सम्मान किया। आचार्य ने भी व्यास पीठ से महाराज जी का अभिनंदन किया। इस अवसर पर अपना आशीर्वचन प्रदान करते हुए राजेश्री महन्त महाराज ने कहा कि यह परम सौभाग्य की बात है कि नवरात्रि के इस पावन पर्व पर अरपा एवं शिवनाथ नदी के संगम तट पर विराजित माता चंडी दाई के परिसर में हमें श्रीराम कथा श्रवण करने का शुभ अवसर प्राप्त हुआ है.

व्यास पीठ पर विराजित आचार्य जी की वाणी के हम कायल हैं उन्होंने हमें श्री दूधाधारी मठ में राम कथा का रसपान कराया है उनकी वाणी बहुत ही सरल, सहज है, वे परम विद्वान हैं, इसी तरह से वे संपूर्ण भारतवर्ष में सनातन धर्म का प्रचार प्रसार करते रहे यही शुभकामना है। उन्होंने कहा कि श्री रामचरितमानस की एक-एक चौपाई मंत्र का कार्य करता है संसार में ऐसी कोई समस्या नहीं है जिसका समाधान श्री रामचरितमानस के माध्यम से न किया जा सके। आचार्य जी ने व्यास पीठ की आसंदी से कहा कि- गुरु वही है, जो राम से मिला दे और साधु सेवा करावे। श्री दूधाधारी मठ पीठाधीश्वर पूज्य महाराज जी ने हमें भी रायपुर में कथा करने का अवसर प्रदान किया उनकी बड़ी कृपा है। इस अवसर पर विशेष रूप से राम शिरोमणि दास महाराज, रेखेंद्र तिवारी, अमृतलाल दुबे, राजू दुबे, गांव के सरपंच तथा मीडिया प्रभारी निर्मल दास वैष्णव, हर्ष दुबे सहित अनेक गणमान्य नगरीक गण उपस्थित थे।





