बसंत पंचमी इनके लिए होने वाला है खास , इन 4 राशियों में ही रहेंगे नव ग्रह… बन रहा दुर्लभ संयोग…

रायपुर. शनिवार को बसंत पंचमी का पर्व धूमधाम से मनाया जाएगा। देशभर में अलग-अलग राज्यों में इस पर्व को बागेश्वरी जयंती और श्री पंचमी के नाम से भी जाना जाता है। खास तौर पर शिक्षा, संगीत और ज्ञान के लिए बसंत पंचमी के दिन देवी सरस्वती की पूजा का विशेष महत्व होता है। इस साल बसंत पंचमी का पर्व इसलिए भी विशेष है, क्योंकि इस दिन ज्योतिष के हिसाब से भी कई महत्वपूर्ण योगों का निर्माण हो रहा है। विशेष मुहूर्त या योग में पूजा-पाठ का कितना सकारात्मक असर पड़ता है, ये तो सर्वमान्य है ही।

 



ज्योतिष में ग्रहों की खास स्थिति से ऐसे योग बनते हैं, जिनसे उस तिथि की शुभता और फल प्रदान करने की शक्ति बहुत बढ़ जाती है। इस साल वसंत पंचमी के मौके पर ऐसे तीन योग बन रहे हैं, जो जातकों को विशेष लाभ पहुंचा सकते हैं। ऐसे योग में पूजा-पाठ से सभी लोगों को विशेष लाभ मिलता है।

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छात्रों के लिए देखा जाए, तो इस बार वसंत पंचनी के मौके पर सिद्ध, साध्य और रवि योग के त्रिवेणी योग का निर्माण हो रहा है। ज्योतिषाचार्यों की मानें तो ये त्रिवेणी योग, विद्यारंभ समारोह के लिए बेहद शुभ माना जाता है। इसलिए दिन आप अपने बच्चों का विद्यारंभ संस्कार आरंभ कराते हुए उन्हें मां सरस्वती का आशीर्वाद दिला सकते हैं।

तिथि और शुभ मुहूर्त

हिन्दू पंचांग के अनुसार, माघ मास के शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि, 5 फरवरी को प्रातः 3.49 बजे से रविवार के दिन प्रातः 3.49 बजे तक रहेगी। इसी समय 4 फरवरी को 7:10 बजे से 5 फरवरी को शाम 5:40 तक सिद्धयोग रहेगा। फिर 5 फरवरी को शाम 5.41 बजे से अगले दिन 6 फरवरी को शाम 4:52 बजे तक साध्य योग रहेगा। इसके अलावा इस दिन दिन रवि योग का सुन्दर संयोग भी बन रहा है। ऐसे में ये त्रिवेणी योग छात्रों के लिए लिए विशेष शुभ सिद्ध होंगे।

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इसके अलावा बसंत पंचमी के दिन सूर्य और बुध ग्रह, मकर राशि में एक साथ विद्यमान होंगे। जिस कारण बुद्धादित्य योग का निर्माण हो रहा है। चूंकि, बुध ग्रह को वाणी और बुद्धि का ग्रह माना जाता है। इसलिए इस योग में ज्ञान, कला और बुद्धि की देवी मां सरस्वती का पूजन करना बेहद शुभ और फलदायक होगा। इसके साथ ही इस दिन सभी नव ग्रह चार राशियों में ही रहेंगे, जिससे केदार योग का भी निर्माण हो रहा है, वहीं 2 फरवरी से गुप्त नवरात्रि का आरम्भ भी हो चुकी है। इस तरह इस बार बसंत पंचमी पर सरस्वती पूजन कई मायनों में अत्यंत फलदायक होगा।

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इस लेख में दी गई जानकारियां और सूचनाएं सामान्य मान्यताओं पर आधारित हैं. KhabarCGNews इनकी पुष्टि नहीं करता है. इन पर अमल करने से पहले संबधित विशेषज्ञ से संपर्क करें.

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