12 की उम्र में दीपिका पादुकोण ने किया था ऐसा काम, अब बोलीं?

नई दिल्ली: एक्टिंग के अलावा दीपिका पादुकोण (Deepika Padukone) अपने ड्रेसिंग सेन्स के लिए जानी जाती हैं. दीपिका पादुकोण ने अपना एक टैलेंट सबकी नजरों से छिपाए रखा था और वो टैलेंट है कविता लिखने का. जी हां…आप ठीक पढ़ रहे हैं. बॉलीवुड की इस डिंपल गर्ल को कविता लिखने का भी शौक है. दीपिका ने अपनी इस कविता को फैंस के साथ शेयर किया.

 



 

12 साल की उम्र में लिखी कविता
दीपिका पादुकोण (Deepika Padukone) ने महज 12 साल की उम्र में पहली बार कविता लिखी थी. इस कविता को एक्ट्रेस ने अपने आधिकारिक इंस्टाग्राम अकाउंट पर शेयर किया. एक्ट्रेस ने कविता शेयर करते हुए लिखा- ‘कविता लिखने की मेरी पहली और आखिरी कोशिश. उस वक्त में 7वीं क्लास में थी और उम्र 12 साल थी. कविता लिखने के लिए सिर्फ दो शब्द दिए गए थे. आई एम…और फिर वो इतिहास बन गया.’

इसे भी पढ़े -  Sakti News : नवरात्रि और दीपावली से पहले सक्ती नगर की प्रमुख प्रतिमाओं का होगा कायाकल्प, नपा अध्यक्ष श्याम सुंदर अग्रवाल ने शुरू कराया जीर्णोद्धार कार्य

 

दीपिका द्वारा लिखी गई कविता
‘मैं प्यार और देखभाल वाली बच्ची हूं. मुझे आश्चर्य है कि सितारे कितनी दूर पहुंचते हैं. मुझे लहरों की भीड़ सुनाई देती है. मुझे गहरा नीला समुद्र दिखाई देता है. मैं एक प्यार करने वाली भगवान की बच्ची बनना चाहती हूं. मैं प्यार और देखभाल वाली बच्ची हूं. मैं खिलने वाले फूल होने का दिखावा करती हूं. मुझे भगवान के सुख देने वाले हाथ लगते हैं. मैं इतनी दूर तक पहाड़ों को छूती हूं.

इसे भी पढ़े -  Sheorinarayan News : नगर पंचायत शिवरीनारायण के वार्ड क्रमांक 15 के पार्षद अंकुर गोयल ने महानदी की बाढ़ से प्रभावित लोगों से की मुलाकात, उनकी समस्या और परिस्थितियों का लिया जायजा

 

गहराइयां’ फिल्म में आई थीं नजर
दीपिका पादुकोण (Deepika Padukone) बड़ी स्क्रीन पर आखिरी बार ‘गहराइयां’ फिल्म में नजर आई थीं. इस फिल्म में दीपिका के अलावा सिद्धांत चतुर्वेदी, अनन्या पांडे और धैर्य करवा ने काम किया था. फिल्म में दीपिका (Deepika Padukone) ने सिद्धांत चतुर्वेदी के साथ जमकर इंटीमेट सीन्स दिए. इससे पहले दीपिका पादुकोण (Deepika Padukone) ने फिल्म ’83’ में काम किया था जिसमें वह पति रणवीर सिंह के साथ नजर आईं.

इसे भी पढ़े -  Sakti News : जनता के जनादेश को स्वीकार करे कांग्रेस, संवैधानिक संस्थाओं पर आरोप लगाना बंद करे : कवि शरण वर्मा

Related posts:

error: Content is protected !!