GSAT-24 सैटेलाइट का ‘आगाज’, अब 900 टीवी चैनल्‍स देख पाएंगे आप, ऐसे काम करती है सर्विस

भारत ने पिछले साल जून में GSAT-24 नाम का एक सैटेलाइट लॉन्‍च किया था। सैटेलाइट को लॉन्‍च कराया था NewSpace India Limited (NSIL) ने। इस सैटेलाइट को डायरेक्ट-टू-होम (DTH) सर्विस प्रोवाइडर Tata Play को लीज पर दिया गया है। सोमवार से टाटा प्‍ले ने GSAT-24 का इस्‍तेमाल करना शुरू कर दिया है। इससे आपके टीवी देखने का अंदाज बदलने वाला है। टाटा प्‍ले पर अबतक 600 टीवी चैनल्‍स उपलब्‍ध हैं, जिनकी संख्‍या अब 900 तक हो जाएगी। और क्‍या बदल जाएगा GSAT-24 सैटेलाइट के इस्‍तेमाल से, आइए जानते हैं।



900 चैनल्‍स, नॉर्थ-ईस्‍ट से अंडमान तक कवरेज
पीआईबी की प्रेस रिलीज के अनुसार, GSAT-24 सैटेलाइट का इस्‍तेमाल शुरू होने से यूजर्स अब टाटा प्‍ले पर 900 टीवी चैनल्‍स देख पाएंगे। ये चैनल पूर्वोत्तर भारत के पहाड़ी इलाकों से लेकर अंडमान और निकोबार द्वीप समूह समेत पूरे भारत में देखे जा सकेंगे। यही नहीं, लोगों को पहले से बेहतर पिक्‍चर क्‍वॉलिटी और साउंड सुनने को मिलेगा।

क्‍या है GSAT-24 सैटेलाइट
GSAT-24 एक 24-Ku बैंड कम्युनिकेशन सैटेलाइट है, जिसका वजन 4,180 किलोग्राम है। यह DTH एप्लिकेशन की जरूरतों को पूरा करने के लिए पूरे भारत में कवरेज देगा। इसे लॉन्‍च कराने वाली NSIL देश की स्‍पेस एजेंसी ISRO की कमर्शियल शाखा है। सैटेलाइट को पिछले साल फ्रेंच गुयाना (दक्षिण अमेरिका) के कौरौ से फ्रांसीसी कंपनी Arianespace द्वारा संचालित Ariane 5 रॉकेट द्वारा लॉन्‍च किया गया था।

एक सैटेलाइट पर चैनल मौजूद होने का फायदा?
GSAT-24 सैटेलाइट का इस्‍तेमाल शुरू करने से टाटा प्‍ले को बड़ा फायदा होगा। उसके प्‍लेटफॉर्म पर ऑन एयर होने वाले सभी चैनल्‍स इसी सैटेलाइट से रिले होंगे। पहले चैनल अलग-अलग सैटेलाइट से रिले होते थे और कई इलाकों में यूजर्स अपने पसंदीदा चैनल नहीं देख पाते थे। अब देश के हर कोने में लोगों को अपना पसंदीदा चैनल देखने को मिलेगा।

क्‍या रिचार्ज की कॉस्‍ट बढ़ जाएगी?
टाटा प्ले के मुताबिक जो 300 नए चैनल उसके डीटीएच प्‍लेटफॉर्म पर जुड़ेंगे, उनमें ज्‍यादातर एजुकेशनल और एंटरटेनमेंट चैनल हैं। ये चैनल क्षेत्रीय भाषाओं में भी होंगे। दावा है कि इन्‍हें देखने के लिए यूजर्स को ज्‍यादा पैसा नहीं खर्च करना होगा।

error: Content is protected !!