तहसीलदार, इंजीनियर, पटवारी घूस लेते गिरफ्तार: ACB ने 6 अफसरों को घूस लेते पकड़ा, डर से अफसरों ने अंडरगारमेंट्स में छुपाए रूपये

भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो की टीम ने छापा मारकर 6 अफसरों को गिरफ्तार किया है। इसमें तहसीलदार, तीन गिरदावर, एक जूनियर इंजीनियर, पटवारी और एक दलाल शामिल है। एसीबी ने कुल 7 लोगों को 1.50 लाख रुपए की रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़ा है, इसके अलावा एसीबी की टीम को 1 लाख रुपए नकद भी मिले हैं। भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो की टीम ने राजस्थान के जयपुर विकास प्राधिकरण में छापा मारकर 6 अधिकारियों को गिरफ्तार किया है।

 



 

 

 

 

अधिकारियों ने पीड़ित से जमीन रूपान्तरण के लिए 13 लाख रुपए मांगे थे, लेकिन एसीबी की अचानक एंट्री के बाद हड़कंप मच गया। एसीबी की छापेमारी के बाद कुछ रिश्वतखोर अलमारी और दीवारों के पास रुपये छिपाने का प्रयास करते नजर आए, तो कुछ अंडरगारमेंट्स में रिश्वत की रकम छिपाते नजर आए।

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एक पीड़ित ने शिकायत की थी कि उसकी जमीन को 90-ए के तहत रूपान्तरित करवाने की एवज में जयपुर विकास प्राधिकरण जोन-9 के तहसीलदार लक्ष्मीकांत गुप्ता द्वारा 1 लाख रुपए, रुक्मणी गिरदावर (भू अभिलेख निरीक्षक) द्वारा 1 लाख रुपए, रविकांत शर्मा गिरदावर (भू अभिलेख निरीक्षक) द्वारा 40 हजार रुपए, खेमराज मीना कनिष्ठ अभियंता द्वारा 40 हजार रुपए, श्रीराम शर्मा पटवारी द्वारा 20 हजार रुपए, विमला मीना गिरदावर (भू अभिलेख निरीक्षक) और उसके पति दलाल महेश चंद मीना (निजी व्यक्ति) द्वारा कुल 13 लाख रुपए की रिश्वत की मांग कर उसे परेशान किया जा रहा है।

 

 

आरोपी तहसीलदार लक्ष्मीकांत गुप्ता, गिरदावर रुक्मणी (प्रभारी पटवारी), गिरदावर श्रीराम शर्मा, पटवारी रविकांत शर्मा, जेई खेमराज मीना, पटवारी विमला और उसके पति दलाल महेश मीना को गिरफ्तार किया गया है। इनके पास से रिश्वत के 1.50 लाख रुपए बरामद हुए हैं. इसमें से 50 हजार तहसीलदार, 40 हजार जेई और 20-20 हजार बाकी सभी को बांटे गए थे।

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भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) की पूछताछ में उन्होंने कहा कि यह काम (रिश्वतखोरी) सालों से चलता आ रहा है। हर जोन में इसी प्रकार से फाइल पास होती है। पैसा ऊपर तक जाता है। जो हमसे पैसा ऊपर तक लेते हैं, उनको भी पकड़िए। उधर, घूसकांड के बाद उपायुक्त सहित सात अधिकारियों-कर्मचारियों को JDA ने निलंबित कर दिया है।ACB ने शुक्रवार की शाम करीब छह बजे जेडीए ऑफिस (जोन-9) में कार्रवाई की थी। मौके से तहसीलदार लक्ष्मीकांत गुप्ता, जेईएन खेमराज मीणा, पटवारी रविकांत शर्मा, पटवारी विमला मीणा, गिरदावर रुक्मणी (पटवारी का चार्ज), गिरदावर श्रीराम शर्मा और दलाल महेश मीणा को गिरफ्तार किया गया था। महेश शर्मा (दलाल), पटवारी विमला मीणा का पति है।

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