



जांजगीर-चाम्पा. बलौदा क्षेत्र के पोंच गांव में वरिष्ठ पत्रकार कुंजबिहारी साहू किसान स्कूल बहेराडीह द्वारा ‘जैविक खेती अभियान’ के तहत जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया. यहां उपस्थित किसानों, कृषि सखी और पशु सखी को जैविक खेती के लाभ और रासायनिक खाद के उपयोग से होने वाले नुकसान के बारे में बताया गया. साथ ही, खेतों में पराली नहीं जलाने और जल संरक्षण का भी संदेश दिया गया.
इस मौके पर वरिष्ठ पत्रकार कुंजबिहारी साहू किसान स्कूल बहेराडीह के संचालक दीनदयाल यादव द्वारा बताया कि आज जैविक खेती बहुत ही आवश्यक है. फसलों में रासायनिक खाद और कीटनाशक के प्रयोग से इसका सीधा असर लोगों की सेहत पर पड़ रहा है, इसलिए हमें अभी से जागरूक और सजग होने की जरूरत है. महाराष्ट्र की वेंकटेश्वरा कम्पनी से जुड़े बिलासपुर से पहुंचे वाय. श्रीनिवास ने कहा कि किसान स्कूल बहेराडीह ने जैविक खेती अभियान शुरू कर सार्थक प्रयास किया है. किसानों को जैविक खेती को प्राथमिकता देनी चाहिए, क्योंकि हम अभी नहीं जागे तो आने वाली पीढ़ी को रासायनिक खेती से और ज्यादा नुकसान होगा.
इस दौरान समाजसेवी डॉ. सुरेश देवांगन, प्रगतिशील किसान रामाधार देवांगन, दुर्गाचरण पटेल, किसान बहुददेशीय सहकारी समिति मर्यादित पोंच के अध्यक्ष अरुण अग्रवाल, पत्रकार राजकुमार साहू, सेना के रिटायर्ड जवान पुरुषोत्तम चंद्रा और बिलासपुर के कीर्ति पांडेय ने भी अपने संबोधन में जैविक खेती की आवश्यकता पर बल दिया.
आपको बता दें, देश के पहले ‘वरिष्ठ पत्रकार कुंजबिहारी साहू किसान स्कूल बहेराडीह’ द्वारा पिछले 3 साल से ‘जैविक खेती अभियान’ चलाया जा रहा है और गांवों की चौपाल में जाकर किसानों को जैविक खेती के लाभ के बारे में बताते हुए उन्हें जागरूक किया जाता है, वहीं स्कूल और कॉलेज में भी पहुंचकर जैविक खेती के फायदे और रासयनिक खाद के प्रयोग से होने वाले नुकसान के बारे में बताया जाता है.
इस मौके पर प्रबंधक वीरेंद्र कुमार यादव, बद्री प्रसाद यादव, समेलाल यादव, तिहारु राम यादव, पांचो बाई कैवर्त, प्रेम बाई मानिकपुरी, गनेशी केवट, सुमित्रा यादव, लक्ष्मीन यादव, सुरजा बाई यादव, नीता कैवर्त, कार्तिक बाई, बुधवारा यादव, मेम लाल यादव, विषभर यादव, बहेराडीह की पशु सखी पुष्पा यादव, पोंच की क़ृषि सखी शिवरात्रि, पशु सखी रामेश्वरी राठौर, मनहरण राठौर समेत अन्य किसान प्रमुख रूप से उपस्थित थे.





