गरुड़ पुराण: हम कैसे सुखी जीवन जी सकते हैं, पांच ऐसी बातें, जिनकी वजह से घर-परिवार और समाज में सम्मान नहीं मिल पाता, जानिए पांच बातें..

गरुड़ पुराण प्रमुख 18 पुराणों में से एक है। इस पुराण में बताया गया है कि हम सुखी जीवन कैसे जी सकते हैं और इस ग्रंथ में मृत्यु से जुड़े रहस्य भी बताए गए हैं। इस पुराण के आचारकांड में नीतिसार नाम का एक अध्याय है।



 

 

 

इसमें नीतियां बताई गई हैं। नीतिसार में पांच ऐसी बातें बताई गई हैं, जिनकी वजह से घर-परिवार और समाज में सम्मान नहीं मिल पाता है।

 

 

पहली बात- अगर कोई व्यक्ति संतान के पालन-पोषण में अनदेखी करता है तो संतान बिगड़ जाती है। संतान संस्कारी नहीं है और गलत काम करती है तो माता-पिता को अपमानित होना पड़ता है। संतान को अच्छे संस्कार मिले इस बात का ध्यान रखना चाहिए।

इसे भी पढ़े -  JanjgirChampa News : बनारी गांव में नशामुक्त एवं बाल विवाह मुक्त अभियान के तहत नुक्कड़ नाटक आयोजित, बाल विवाह मुक्त ग्राम पंचायत की दिलाई गई शपथ, युवोदय के स्वयंसेवक ने निभाई सहभागिता

 

 

 

दूसरी बात- लालच को बुरी बला कहा गया है। बड़ी-बड़ी मछलियां भी छोटे से मांस टुकड़े के लालच में फंसकर अपने प्राण गवां देती हैं। इसी तरह इंसान भी धन के लोभ में फंसकर कई परेशानियों का सामना करता है।

 

 

 

तीसरी बात- जो लोग अपनी आय से अधिक खर्च करते हैं, अधिक दान करते हैं, वे कई प्रकार की परेशानियों का सामना करते हैं।

 

 

इसे भी पढ़े -  JanjgirChampa News : शिवरीनारायण मण्डल मे विकसित भारत जी राम जी जनजागरण कार्यशाला सम्पन्न

 

चौथी बात- बुरी संगत से बचें। अच्छी या बुरी संगति का असर हमारे जीवन पर होता है। यदि हमारी संगत गलत लोगों के साथ है तो परिणाम बहुत बुरा हो सकता है। बुरी संगत से बचना चाहिए।

 

 

 

पांचवीं बात- जो लोग स्वयं के स्वार्थ को पूरा करने के लिए दूसरों को नुकसान पहुंचाते हैं, उन्हें कभी सुख नहीं मिल पाता है।

 

 

 

 

सुखी और सफल जीवन चाहते हैं तो हमें इन पांच बातों का ध्यान हमेशा रखना चाहिए।

error: Content is protected !!