Press "Enter" to skip to content

भारत समेत 40 देशों में बढ़ा ओमिक्रॉन के सब वेरिएंट BA.2 का खतरा

शुरुआती ओमिक्रॉन वैरिएंट हाल के महीनों में वायरस का सबसे खतरनाक स्ट्रेन बन गया है, लेकिन ब्रिटिश स्वास्थ्य अधिकारियों ने बीए.2 नाम के नवीनतम वेरिएंट के सैकड़ों मामलों की विशेष रूप से पहचान की है, जबकि अंतरराष्ट्रीय डाटा का सुझाव है कि यह अपेक्षाकृत तेज़ी से फैल सकता है.

यूके स्वास्थ्य सुरक्षा एजेंसी (UKHSA) ने इस महीने के पहले दस दिनों में ब्रिटेन में BA.2 के 400 से अधिक मामलों की पहचान की संकेत दिया है कि करीब 40 अन्य देशों में भी ओमिक्रॉन के नए वेरिएंट का पता चला है. इसके अंतर्गत भारत, डेनमार्क स्वीडन जैसे कुछ देशों में आए सबसे हालिया मामलों में सब-वेरिएंट से जुड़े मरीजों की तादाद सबसे अधिक है.यूकेएचएसए ने शुक्रवार को संकेत दिया कि उसने ओमिक्रॉन के सब-वेरिएंट बीए.2 को जांच के तहत एक संस्करण (वीयूआई) के रूप में नामित किया था क्योंकि इसके मामले बढ़ रहे थे. हालांकि ब्रिटेन में इन दिनों आ रहे कोविड-19 के ज्यादातर मामलों की वजह BA.1 है.

READ ALSO-  वेनेज़ुएला के 112 वर्षीय शख्स को दुनिया का सबसे उम्रदराज़ पुरुष घोषित किया गया

ब्रिटिश अथॉरिटी ने रेखांकित किया कि “वायरल जीनोम में परिवर्तन के महत्व के बारे में अभी भी अनिश्चितता है,” जिसके लिए निगरानी की आवश्यकता है. इस बीच, हाल के दिनों में मामलों पर नजर डालें, तो भारत डेनमार्क में विशेष रूप से BA.2 केस में तेज वृद्धि देखी गई है.

ओमिक्रॉन को कोरोना वायरस के विभिन्न स्वरूपों में सबसे खतरनाक माना जा रहा है. विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) ने 26 नवंबर को इसे ‘चिंताजनक’ स्वरूप बताते हुए ओमिक्रॉन नाम दिया. ‘चिंताजनक स्वरूप’ डब्ल्यूएचओ की कोरोना वायरस के ज्यादा खतरनाक स्वरूपों की शीर्ष श्रेणी है.

READ ALSO-  जल्द मिलेगी 5G नेटवर्क की स्पीड, किया गया सफल परीक्षण, केंद्रीय मंत्री ने किया...वीडियो कॉल पढिए

कोरोना वायरस के डेल्टा वेरिएंट को भी इसी श्रेणी में रखा गया था. कोविड के अधिक संक्रामक स्वरूप बी.1.1.1.529 के बारे में पहली बार 24 नवंबर को दक्षिण अफ्रीका की ओर से WHO को सूचित किया गया था.

भारत डेनमार्क में विशेष रूप से BA.2 केस में तेज वृद्धि देखी गई.
ब्रिटेन में इन दिनों आ रहे कोविड-19 के ज्यादातर मामलों की वजह BA.1 है
40 देशों में ओमिक्रॉन के नए वेरिएंट का पता चला है

error: Content is protected !!