कौन हैं 125 वर्षीय स्वामी शिवानंद जिन्हें पद्म श्री पुरस्कार सम्मान दिया गया है?

1896 में सिलहट ज़िले (अब बांग्लादेश) में जन्मे स्वामी शिवानंद रोज़ाना योगाभ्यास करते हैं और बिना तेल/मसालों का भोजन करते हैं। खाने व कपड़ों का प्रबंध कर स्वामी पिछले 50-वर्षों से पुरी में कुष्ठ रोग से प्रभावित 400-600 भिखारियों की सेवा कर रहे हैं। पद्म श्री से सम्मानित स्वामी को ‘योग रत्न’ समेत कई पुरस्कारों से नवाज़ा जा चुका है।



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