छत्तीसगढ़ : मूंग, उड़द और अरहर की समर्थन मूल्य पर खरीदी की मिली स्वीकृति, मुख्यमंत्री के प्रयासों से राज्य के किसानों को मिलेगा समर्थन मूल्य का लाभ, कब से और कितनी राशि मे होगी खरीदी, विस्तार से पढ़िए…

रायपुर. मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के प्रयासों के चलते छत्तीसगढ़ में खरीफ सीजन 2022-23 से मूंग, उड़द और अरहर की समर्थन मूल्य पर खरीदी के लिए केन्द्र ने स्वीकृति दे दी है। भारत सरकार के कृषि एवं कृषक कल्याण मंत्रालय के डिप्टी कमिश्नर ने आज इस संबंध में पत्र जारी कर संबंधित केन्द्रीय एजेंसियों के मैनेजिंग डायरेक्टर को छत्तीसगढ़ में मूंग, उड़द और अरहर की खरीदी के लिए प्राइस सपोर्ट स्कीम का क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।

 



छत्तीसगढ़ में खरीफ सीजन 2022-23 के लिए मूंग 372 मीट्रिक टन, उड़द 6180 मीट्रिक टन एवं अरहर 6342 मीट्रिक टन की अधिकतम मात्रा की खरीदी की जाएगी। यहां यह उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के निर्देशानुसार बीते दिनों कृषि मंत्रालय छत्तीसगढ़ शासन ने केन्द्र सरकार को राज्य में अरहर, उड़द, मूंग की खेती, उत्पादन, समर्थन मूल्य पर उपार्जन की अनुमानित मात्रा सहित इसके उपार्जन के लिए की जा रही तैयारियों का विस्तृत व्यौरा भेजकर खरीदी की स्वीकृति देने का आग्रह किया था।

छत्तीसगढ़ में खरीफ सीजन 2022-23 में समर्थन मूल्य पर अरहर, मूंग, उड़द की समर्थन मूल्य पर खरीदी के लिए इसके उत्पादक कृषकों का एकीकृत किसान पंजीयन में तेजी से पंजीयन की कार्यवाही की जा रही है। वेयर हाउस के 20 गोदामों को उपार्जन केन्द्र के रूप में विधिवत अधिसूचित भी किया जा चुका है। शासन द्वारा उड़द और मूंग की खरीदी 17 अक्टूबर से 16 दिसम्बर 2022 तक तथा अरहर की खरीदी 13 मार्च 2023 से 12 मई 2023 तक दिए जाने की अवधि का भी निर्धारण किया जा चुका है।

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किसानों से मूंग और उड़द की खरीदी 6600 रूपए प्रति क्विंटल की दर से तथा अरहर की खरीदी 7755 रुपए प्रति क्विंटल की दर से की जाएगी। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने किसानों के हित तथा मूंग ,उड़द और अरहर की खरीदी को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से मंडी शुल्क और कृषक कल्याण शुल्क के भुगतान से पूर्णतः छूट भी दे दी है।

राज्य में मूंग, उड़द और अरहर की खरीदी के लिए 20 जिलों के स्टेट वेयरहाउस के गोदाम को उपार्जन एवं भंडारण केंद्र के रूप में चिन्हित किया गया है। वेयर हाउस के ये गोदाम डब्ल्यूआरडीए से प्रमाणित है। बलौदाबाजार और रायपुर जिले के कृषक बिलाईगढ़ स्थित गोदाम में उड़द, मूंग और अरहर का विक्रय समर्थन मूल्य पर कर सकेंगे। इसी तरह गरियाबंद और धमतरी जिले के कृषक गरियाबंद में, महासमुन्द जिले के कृषक बसना में, दुर्ग और बालोद जिले के कृषक दुर्ग में, बेमेतरा जिले के कृषक थानखम्हरिया में, कबीरधाम के लिए पण्डरिया, राजनांदगांव जिले के लिए राजनांदगांव में, मुंगेली एवं बिलासपुर जिले के लिए मुंगेली में, गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही जिले के लिए मरवाही में, जांजगीर जिले के लिए बोड़ासागर, बलरामपुर-रामानुजगंज जिले के लिए राजपुर में, सूरजपुर जिले के लिए सूरजपुर में, सरगुजा जिले के लिए अंबिकापुर में, जशपुर जिले के लिए बगीचा, कोरिया जिले के लिए मनेन्द्रगढ़, दंतेवाड़ा, सुकमा, बस्तर और कोण्डागांव जिले के लिए कोण्डागांव, कांकेर जिले के लिए कांकेर, रायगढ़ जिले के लिए लोहारासिंह-2 तथा बीजापुर और नारायणपुर जिले के किसान नारायणपुर स्थित वेयर हाउस के गोदाम में समर्थन मूल्य पर अरहर, मूंग, उड़द का विक्रय कर सकेंगे।

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यहां यह उल्लेखनीय है कि छत्तीसगढ़ में खरीफ सीजन 2022-23 में एक लाख 22 हजार हेक्टेयर में उड़द की खेती की गई है, जबकि मूंग की खेती 16 हजार 340 हेक्टेयर में और अरहर की खेती एक लाख 20 हजार 310 हेक्टेयर में की गई है।

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