मोदी की गारंटी बनाम बजट छत्तीसगढ़ संसाधन, बदले में उपेक्षा

जांजगीर-चाम्पा. भारतीय जनाधिकार पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष दीपक दुबे ने तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि केंद्र सरकार के बजट 2026 भारतीय जनता पार्टी के लोकसभा घोषणा-पत्र और ‘मोदी की गारंटी’ में किए गए वादों को बजट में ठोस रूप नहीं दिया गया। देश को कोयला, बिजली, इस्पात, सीमेंट, रेल राजस्व और अन्न उपलब्ध कराने वाला छत्तीसगढ़ आज भी विकास, पर्यावरण और सामाजिक सुरक्षा के मामले में उपेक्षित है।
विज्ञप्ति में कहा गया कि बजट में महंगाई से राहत, टैक्स स्लैब में सुधार, युवाओं के लिए रोजगार गारंटी, रसोई गैस और बिजली पर सीधी राहत जैसे वादों का कोई उल्लेख नहीं है। किसानों के लिए एमएसपी की कानूनी गारंटी, इनपुट सब्सिडी और आय सुरक्षा पर भी चुप्पी साधी गई है।

 



इसे भी पढ़े -  Kisaan School Pratibha Samman : किसान स्कूल में वरिष्ठ पत्रकार कुंजबिहारी साहू की स्मृति में 'प्रतिभा सम्मान समारोह' 15 अगस्त को, एडिशनल एसपी और एसडीएम समेत अन्य अफसर होंगे अतिथि...

छत्तीसगढ़ के संदर्भ में आरोप लगाया गया कि कोरबा, रायगढ़, जांजगीर और सरगुजा जैसे जिलों से खनिज और ऊर्जा देने के बावजूद स्थानीय रोजगार, स्वास्थ्य और पर्यावरण क्षतिपूर्ति के लिए कोई विशेष पैकेज नहीं दिया गया। कोरबा, रायगढ़,कोरबा जैसे पावर हब में भी घरेलू और लघु उद्योग महंगी बिजली से जूझ रहे हैं। बिलासपुर रेल मंडल देश के शीर्ष राजस्व मंडलों में होने के बावजूद यात्री सुविधाओं का विस्तार नहीं किया गया।

प्रेस विज्ञप्ति में छत्तीसगढ़ के लिए विशेष आर्थिक-औद्योगिक पैकेज, खनिज क्षतिपूर्ति एवं पर्यावरण-स्वास्थ्य कोष, एमएसपी गारंटी, स्थानीय रोजगार मिशन, रेल यात्री उन्नयन पैकेज और रसोई गैस-बिजली पर सीधी राहत की मांग की गई है। अंत में कहा गया कि छत्तीसगढ़ देश की फैक्ट्री और अन्नभंडार है, लेकिन बजट में उसे केवल राजस्व मशीन समझा गया बजट 2026 में छत्तीसगढ़ के घोर उपेक्षा किया गया मोदी की गारंटी लोकसभा घोषणा पत्र चुनावी जुमला निकला बजट में सिर्फ अपने दो उद्योगपति मित्रों को फायदा पहुंचाया, जिसके पास विमान बनाने के उद्योग और बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर है ।

इसे भी पढ़े -  Kisaan School Independence Day : देश के पहले किसान स्कूल बहेराडीह में ध्वजारोहण करेंगे BSF जवान रंजीत भारद्वाज
error: Content is protected !!