Janjgir News : मछली पालन का प्रशिक्षण ले रही महिलाओं को कराया कुलीपोटा मछली पालन केंद्र का भ्रमण, 28 महिला किसानों को आरसेटी के माध्यम से दिया जा रहा प्रशिक्षण…

जांजगीर-चाम्पा. एसबीआई आरसेटी इस समय राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन बिहान से जुड़ी लखुर्री गांव की महिला स्व सहायता समूहों की महिलाओं को मछली पालन का निःशुल्क प्रशिक्षण दिया जा रहा है. प्रशिक्षण संस्थान के फेकेल्टी अरुण कुमार पाण्डेय ने बताया कि जिला प्रशासन एवं संस्थान के निदेशक ललित कुमार हेमरम के मार्गदर्शन में मास्टर ट्रेनर श्रीमती सावित्री पॉल के द्वारा बम्हनीडीह ब्लॉक के लखुर्री गांव की महिलाओं को दस दिवसीय मछली पालन का निःशुल्क प्रशिक्षण उनके गांव में ही स्थानीय पंचायत के सहयोग से दिया जा रहा है. प्रशिक्षण के दौरान जिला मुख्यालय स्थित कुलीपोटा के मत्स्य पालन हेचरी का भ्रमण कराया गया, जहां विभाग की सहायक संचालक ज्योति साहू के मार्गदर्शन में बम्हनीडीह ब्लॉक के मत्स्य निरीक्षक भूलेश्वरी सिंह ने मछली पालन को लेकर सम्पूर्ण जानकारी दी.

 



श्री पाण्डेय ने बताया कि मछली पालन प्रशिक्षण का उद्देश्य किसानों, युवाओं, महिला स्व-सहायता समूहों एवं उद्यमियों को वैज्ञानिक तरीके से मत्स्य पालन सिखाकर आय बढ़ाना है.
भारत एवं छत्तीसगढ़ में मत्स्य पालन की संभावनाएँ है. मास्टर ट्रेनर सावित्री पॉल के द्वारा बिहान की महिलाओ को
मछली पालन का महत्व,
रोजगार एवं स्वरोजगार के अवसर, तालाब का चयन एवं निर्माण के बारे में बताया कि
तालाब के लिए उपयुक्त स्थान
मिट्टी का चयन के बारे में जानकारी दी. उन्होंने तालाब का आकार एवं गहराई,
पानी की गुणवत्ता, तालाब की तैयारी के बारे में बताया कि
तालाब की सफाई में चूना का प्रयोग करना चाहिए. इसके साथ ही जैविक एवं रासायनिक खाद एवं प्राकृतिक भोजन तैयार करना चाहिए।
मछलियों की प्रमुख प्रजातियाँ के बारे में बताया कि भारतीय प्रमुख कार्प : कतला, रोहू, मृगल आदि प्रमुख है. इसी तरह विदेशी कार्प: ग्रास कार्प, सिल्वर कार्प, कॉमन कार्प,पंगासियस,तिलापिया,मैगुर एवं सिंघी आदि शामिल हैं।बीज का चयन एवं संचयन के बारे में बताया कि स्वस्थ बीज की पहचान,संचयन,बीज परिवहन की विधि,आहार प्रबंधन
प्राकृतिक एवं कृत्रिम आहार
संतुलित आहार,भोजन देने की मात्रा एवं समय,जल गुणवत्ता प्रबंधन की जानकारी दी।
उन्होंने तापमान के बारे में बताया कि pH (7.0–8.5)
घुलित ऑक्सीजन,अमोनिया है। रोग एवं उपचार,सामान्य रोगों की पहचान,परजीवी रोग
फफूंद एवं जीवाणु रोग के बारे में जानकारी दी।
समेकित मछली पालन के बारे में बताया कि मछली + बतख पालन,मछली + मुर्गी पालन
मछली + बकरी पालन
मछली + धान खेती करना चाहिए।

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ट्रेनर ने महिलाओ को कटाई एवं विपणन,मछली पकड़ने की विधियाँ,ग्रेडिंग एवं परिवहन,बाजार प्रबंधन, सरकारी योजनाएँ जैसे प्रधानमंत्री मत्स्य सम्पदा योजना (PMMSY)
मत्स्य विभाग की राज्य योजनाएँ
बैंक ऋण एवं सब्सिडी की जानकारी दी जा रहीं है।
भ्रमण में अंजू महंत, गंगा बाई चंद्रा, प्रीति यादव, ललिता महंत, अंजली चंद्रा, रामेश्वरी कर्ष, उमेंद बाई कहरा, मुस्कान, बिंदु गंगोत्री, हीरामती यादव, संगीता सहिस, ज्योति धीवर, आरती धीवर, प्रांशी, रजनी, कविता यादव, योगिता, शीत बाई भुनेश्वरी महंत, संतोषी, जमुना धीवर, रिद्धि, अनुसूय्या, फूलवंतिन, संगीता, सुमन यादव, शांति श्रीवास आदि शामिल थी.

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