छत्तीसगढ़ : खैर नहीं अब सरकारी राशन को बाजार में बेचने वालों की, हो सकती है 7 साल जेल, विस्तार से पढ़िए…

रायपुर. सरकारी राशन खुले बाजार में बेचते मिलने पर राशन कार्ड निरस्त किया जा सकता है। इसके अलावा आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत 7 साल की जेल भी हो सकती है। सरकारी राशन खुले बाजार के बिकने को लेकर राज्य शासन अब सख्त हो गई है। इस कार्रवाई के लिए राज्य शासन ने राजपत्र में भी संशोधन कर दिया है।



संशोधन के अनुसार, अब सरकारी राशन जिसमें चावल, शक्कर, केरोसीन जैसे खाद्य पदार्थ शामिल है, उसे केवल हितग्राही ही इस्तेमाल कर सकेंगे। इसे बाजार में न तो कोई हितग्राही या संस्था बेच सकता है और न ही किसी को दे सकता है। संशोधन में खरीदते पाए जाने पर दुकानदारों पर भी कार्रवाई का प्रावधान किया गया है।

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खाद्य विभाग का कहना है कि इसके लिए फूड इंस्पेक्टर को निगरानी करने के लिए कहा गया है। बता दें कि शासन को लगातार सरकारी राशन को खुले बाजार में बिकने की शिकायत मिल रही थी। कई मामले सामने आने के बाद राज्य सरकार ने नियमों में संशोधन किया है।

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