कांग्रेस में डाकू की एंट्री! पीसीसी चीफ कमलनाथ ने दिलाई सदस्यता, कांग्रेस ज्वाइन करने की बताई वजह

भोपाल। मध्य प्रदेश में विधानसभा चुनाव के लिए अब चंद की महीनों का वक्त बाकि है। जिसे लेकर प्रमुख पार्टियों के दिग्गज प्रदेश मे जनता को साधने के लिए लगातार प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में दौरा कर रहे है। तो वहीं चुनाव से पहले अपनी कई नाराज नेता दूसरे पार्टी के ओर रुख कर रहें है। नेताओं का दलबदल का दौर भी जारी है। इसी कड़ी में आज ग्वालियर के दस्यू मलखान सिंह ने कांग्रेस का दामन थाम लिया है। वे अब कांग्रेस पार्टी के लिए काम करेंगे।



पीसीसी पहुंचे पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने दस्यु मलखान सिंह को सदस्यता दिलाई। इस दौरान मलखान सिंह ने कहा कि मैं आज बीजेपी छोड़कर कांग्रेस में शामिल हो रहा हूं। अत्याचार में खिलाफ मैने बीहड़ में बंदूक उठाई। स्वगीय अर्जुन सिंह ने मुझे समर्पण करवाया, मेरे ऊपर अत्याचार हुआ अर्जुन सिंह ने मुझे 100 बीघा जमीन दी, 20 साल से किसान रो रहे है। महिलाओ और बच्चियों के साथ दुष्कर्म हो रहे है, मैंने अर्जुन सिंह के सामने समर्पण किया तब मैं कांग्रेसी था। BJP के नेता डाकू है हम बागी थे।

इसे भी पढ़े -  Janjgir News : विधायक ब्यास कश्यप ने गोपेश यादव ( अंशु ) को श्रम विभाग का बनाया प्रतिनिधि, विधायक का जताया आभार

इस दौरान पूर्व दस्यु मलखान सिंह ने मीडिया से बातचीत में कहा कि बीजेपी ने अपना वादा पूरा नहीं किया। आज महंगाई बढ़ी है चंबल में बलात्कार हो रहे हैं। मैंने 2 साल से बीजेपी में जाना आना बंद कर दिया था। पूरी दमदारी से इस साल बनाएंगे कांग्रेस की सरकार, पूर्ण बहुमत से कांग्रेस की सरकार बनाने में मदद करूंगा। नरोत्तम मिश्रा के बारे में कुछ नहीं कहूंगा गोविंद सिंह से हूं प्रभावित।

इसे भी पढ़े -  Sakti News : टेमर गांव में नहर सफाई एवं मिट्टी फीलिंग कार्य का सरपंच चंद्र कुमार सोनी ने किया शुभारंभ, सरपंच का शाल एवं श्रीफल देकर किया गया सम्मानित

आपको बता दें की मलखान सिंह का चंबल सबसे बड़ा डकैतों का गिरोह था। मलखान सिंह की गैंग के लोग भी कोई भी महिला सामने आती तो गर्दन झुकाकर उसके पैर छूकर आगे बढ़ जाते। डाकू मलखान सिंह पर 1980 तक 94 से ज्यादा मामले दर्ज हो गए थे, जिसमे 17 मर्डर, 28 अपहरण, 19 मर्डर का प्रयास और 18 डकैती के मामले शामिल थे। डाकू मलखान सिंह ने 15 जून 1982 को मुख्यमंत्री के सामने सरेंडर कर दिया। मलखान सिंह के सरेंडर करने के बाद 6 वर्ष जेल में रहा था। मलखान सिंह को 1989 में सभी मामलों में बरी करके जेल से रिहा कर दिया गया।

इसे भी पढ़े -  इस हफ्ते लॉन्‍च होगी MG Majestor, बढ़ जाएगी Toyota Fortuner की टेंशन

error: Content is protected !!